Neo-Fascism

MAGA rally US, Courtesy Project Syndicate

किताबी फासीवाद : अपने वैचारिक वारिसों के लिए बीसवीं सदी के फासिस्टों की नुस्खा-पर्ची कैसी होगी?

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जो नाज़ीवादी और फासीवादी ताकतें बीसवीं सदी में चले लोकतांत्रिक संघर्षों में खत्‍म हो गई मानी जा रही थीं, उनका इक्‍कीसवीं सदी में नई शक्‍ल में उभार यह सोचने को विवश करता है कि उनकी योजना क्‍या है और आने वाली दुनिया की सूरत कैसी होगी। प्रोजेक्‍ट सिंडिकेट के सौजन्‍य से प्रसिद्ध अर्थशास्‍त्री यानिस वारूफाकिस की एक कल्‍पना, जिसमें वे गिनवा रहे हैं कि आज के फासिस्‍टों के पूर्वज अगर किसी तिजोरी में कोई नुस्‍खा-पर्ची छोड़ गए रहे हों तो उस पर क्‍या-क्‍या लिखा होगा।

Marine Le Pen

यूरोप चुनाव: बढ़ते मसखरों के बीच नए फासिस्‍टों का मंडराता साया

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इस महीने यूरोपीय संसद के लिए हुए चुनावों के बाद अब मुख्‍यधारा के राजनीतिक दल और नेता धुर दक्षिणपंथ के साथ एक नाव में सवार होने की पूरी तैयारी कर चुके हैं। इस तरह, दूसरे विश्‍व युद्ध के बाद यूरोप के लोकतांत्रिक देशों द्वारा ‘फासिस्‍टों से गठजोड़ न करने’ के अपनाए गए सिद्धांत को चुपके से तिलांजलि दे दी गई है। अब यूरोप को फासिस्‍ट कुबूल हैं। प्रोजेक्‍ट सिंडिकेट के साथ फॉलो-अप स्‍टोरीज की विशेष व्‍यवस्‍था के तहत प्रतिष्ठित चिंतक स्‍लावोइ ज़ीज़ेक का विश्‍लेषण